एप्पल न्यूज़, हमीरपुर
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार सरकारी भूमि पर वर्षों से बसे गरीब एवं भूमिहीन लोगों के अतिक्रमण के मामलों में राहत देने के लिए नई नीति बनाने पर विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार इस संबंध में उच्चतम न्यायालय के दिशा-निर्देशों का अध्ययन कर रही है और उसके अनुरूप उचित निर्णय लिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने गुरुवार को हमीरपुर में लगभग 19.40 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले नगर निगम कार्यालय भवन का शिलान्यास किया। साथ ही छोटे व्यापारियों और महिला स्वयं सहायता समूहों के लिए लगभग 50 लाख रुपये की लागत से निर्मित दुकानों एवं ग्रामीण हाट का लोकार्पण किया। इसके बाद टाउन हॉल में आयोजित जनसभा को संबोधित किया।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार स्वास्थ्य और शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। राज्य के सभी मेडिकल कॉलेजों में अत्याधुनिक मशीनें स्थापित की जा रही हैं तथा सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टरों और प्रोफेसरों की भर्ती की जा रही है, ताकि प्रदेश में ही एम्स और पीजीआई जैसी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
मेडिकल कॉलेजों की प्रयोगशालाओं के आधुनिकीकरण पर 125 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं और रोबोटिक सर्जरी जैसी महंगी चिकित्सा सेवाएं भी कम लागत पर उपलब्ध कराई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि हमीरपुर मेडिकल कॉलेज के लिए प्रदेश सरकार अब तक लगभग 500 करोड़ रुपये जारी कर चुकी है और जल्द ही जोल सप्पड़ स्थित नए परिसर में इसका संचालन शुरू किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिमकेयर योजना बंद नहीं होगी, लेकिन योजना में हुए कथित घोटालों की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने कहा कि शिक्षा क्षेत्र में सुधारों के कारण सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या में करीब 24 हजार की वृद्धि हुई है। साथ ही एचपीपीएससी और हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग के माध्यम से भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किशाऊ बांध, अन्य जलविद्युत परियोजनाओं और वाइल्ड फ्लॉवर हॉल जैसे मामलों में सरकार ने हिमाचल के हितों की प्रभावी पैरवी कर प्रदेश के लिए अरबों रुपये का राजस्व सुनिश्चित किया है।

उन्होंने घोषणा की कि नगर निगम हमीरपुर में शामिल नए क्षेत्रों के लोगों को पांच वर्षों तक करों में छूट दी जाएगी। इसके अलावा हमीरपुर में 130 करोड़ रुपये की लागत से प्रदेश का सबसे बड़ा बस अड्डा बनाया जा रहा है, जबकि वर्तमान बस अड्डे की जगह 200 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक सिटी सेंटर विकसित किया जाएगा। इसमें शॉपिंग, मनोरंजन और पार्किंग सहित आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी तथा पुराने व्यापारियों का भी समुचित पुनर्वास किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने हमीरपुर में दशहरा उत्सव सहित अन्य आयोजनों के लिए उपयुक्त स्थल विकसित करने तथा शहर के रेहड़ी-फहड़ी धारकों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने का भी आश्वासन दिया।







