एप्पल न्यूज़, शिमला
हिमाचल प्रदेश शिक्षा निदेशालय ने अनुबंध कर्मचारियों के नियमितीकरण की प्रभावी तिथि को लेकर लंबे समय से बनी असमंजस की स्थिति स्पष्ट कर दी है। निदेशालय ने सभी उपनिदेशकों (प्रारंभिक एवं उच्च शिक्षा) को जारी पत्र में साफ किया है कि 2 अप्रैल 2026 के सरकारी निर्देशों में बैक डेट (नोटेशनल आधार) से नियमितीकरण या पूर्व अवधि का लाभ देने का कोई प्रावधान नहीं है।
यह स्पष्टीकरण सरकार के पत्र संख्या EDUC-A03/3/2026-EDU-C दिनांक 20 जुलाई 2026 के आधार पर जारी किया गया है। इसमें कार्मिक विभाग की टिप्पणियों का हवाला देते हुए कहा गया है कि नियमितीकरण की पात्रता सरकार द्वारा निर्धारित कट-ऑफ तिथियों के अनुसार ही तय होगी।

इन कर्मचारियों पर लागू होगा आदेश
जिन कर्मचारियों ने 30 सितंबर 2024 तक दो वर्ष की निरंतर अनुबंध सेवा पूरी कर ली थी, वे 30 सितंबर 2024 से नियमितीकरण के पात्र होंगे।
जिन कर्मचारियों ने 30 सितंबर 2025 तक दो वर्ष की निरंतर अनुबंध सेवा पूरी की थी, वे 30 सितंबर 2025 से नियमितीकरण के पात्र माने जाएंगे।
बैक डेट या एरियर नहीं मिलेगा
निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि 2 अप्रैल 2026 के निर्देशों में नियमितीकरण का लाभ नोटेशनल आधार (बैक डेट) से देने या पूर्व अवधि का नियमित सेवा लाभ एवं एरियर देने का कोई प्रावधान नहीं है। कर्मचारियों को लाभ केवल उसी तिथि से मिलेगा, जिस दिन तक उन्होंने निर्धारित अनुबंध सेवा अवधि पूरी कर ली होगी।
अधिकारियों को दिए गए निर्देश
शिक्षा निदेशालय ने सभी जिला स्तर के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि पात्र अनुबंध कर्मचारियों के नियमितीकरण के मामलों का निपटारा सरकार के दिशा-निर्देशों और जारी स्पष्टीकरण के अनुरूप किया जाए। साथ ही भविष्य में भी नियमितीकरण संबंधी कार्रवाई सरकार द्वारा समय-समय पर जारी आदेशों के अनुसार ही सुनिश्चित की जाए।
इस स्पष्टीकरण के बाद अनुबंध कर्मचारियों के बीच नियमितीकरण की प्रभावी तिथि को लेकर चल रही भ्रम की स्थिति काफी हद तक समाप्त हो गई है। अब यह स्पष्ट है कि नियमितीकरण का लाभ केवल निर्धारित कट-ऑफ तिथि से ही मिलेगा, किसी पूर्व तिथि से नहीं।







