एप्पल न्यूज़, नई दिल्ली/शिमला
हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने गुरुवार को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री Nitin Gadkari से नई दिल्ली में मुलाकात कर प्रदेश की विभिन्न सड़क एवं पुल परियोजनाओं पर विस्तृत चर्चा की।
बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री ने राष्ट्रीय राजमार्ग-305 के तहत सैंज-लुहरी-बंजार-औट मार्ग पर बंजार से औट तक सड़क सुधार एवं टारिंग कार्य के लिए 25.11 करोड़ रुपये की राशि जारी करने को सैद्धांतिक मंजूरी दी।
लोक निर्माण मंत्री ने 1,775 करोड़ रुपये की लागत वाली जालोरी सुरंग परियोजना की स्वीकृति प्रक्रिया में तेजी लाने का अनुरोध किया, जिस पर केंद्रीय मंत्री ने मंत्रालय के अधिकारियों को प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने के निर्देश दिए।

इसके अलावा राष्ट्रीय राजमार्ग-303 पर नगरोटा बगवां-रानीताल सड़क के लिए 395 करोड़ रुपये उपलब्ध कराने के प्रस्ताव पर भी केंद्रीय मंत्री ने सैद्धांतिक सहमति जताई।
विक्रमादित्य सिंह ने वर्ष 2026-27 के लिए केंद्रीय सड़क एवं अवसंरचना निधि (CRIF) के तहत 239.45 करोड़ रुपये की लागत वाली दो महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं की स्वीकृति के लिए केंद्र सरकार का आभार जताया। इनमें टिक्कर-जरोल-गाहन-ननखड़ी-खमाड़ी सड़क तथा छैला-नेरीपुल-यशवंतनगर-कुमारहट्टी सड़क के उन्नयन कार्य शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से प्रदेश के सेब उत्पादक क्षेत्रों को बेहतर सड़क संपर्क मिलेगा।
बैठक में लोक निर्माण मंत्री ने सेतु बंधन योजना के तहत पुल निर्माण के लिए 3.46 करोड़ रुपये की मांग भी रखी। साथ ही हिमाचल की भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए CRIF और सेतु बंधन योजनाओं के अंतर्गत अधिक सड़क परियोजनाओं को मंजूरी देने तथा CRIF के तहत वार्षिक आवंटन बढ़ाकर 200 करोड़ रुपये करने का आग्रह किया।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने हिमाचल प्रदेश में सड़क अवसंरचना के विकास के लिए केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।







