रोहित ठाकुर ने देहरा क्षेत्र की ग्राम पंचायत चनौर स्थित प्राथमिक विद्यालय में मिड-डे मील वर्कर सलोचना देवी की हत्या की दर्दनाक घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने इस घटना को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक बताते हुए कहा कि विद्यालय वह स्थान हैं जहां बच्चों, शिक्षकों और कर्मचारियों को पूर्ण सुरक्षा और संरक्षण का वातावरण मिलना चाहिए। ऐसी घटनाएं समाज और शिक्षा व्यवस्था दोनों के लिए गंभीर चिंता का विषय हैं।
शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसके विरुद्ध कानून के अनुसार सख्त एवं आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और न्याय प्रक्रिया को शीघ्रता से आगे बढ़ाया जाएगा, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।
रोहित ठाकुर ने शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि राज्य के सभी सरकारी एवं सहायता प्राप्त विद्यालयों में सुरक्षा व्यवस्था की तुरंत समीक्षा की जाए। उन्होंने कहा कि विद्यालय परिसरों में सुरक्षा मानकों को और अधिक सुदृढ़ बनाया जाए, आवश्यकतानुसार अतिरिक्त प्रबंध किए जाएं तथा संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाए। विद्यार्थियों, शिक्षकों, मिड-डे मील वर्करों और अन्य सहायक कर्मचारियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में ऐसी दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाए जाएंगे। विद्यालयों में सुरक्षा जागरूकता, निगरानी तंत्र और स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय को मजबूत किया जाएगा, ताकि सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित हो सके।
शिक्षा मंत्री ने शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि शिक्षा विभाग इस कठिन घड़ी में परिवार के साथ खड़ा है। उन्होंने आश्वासन दिया कि परिवार को हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी। अंत में उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करते हुए परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की।






