एप्पल न्यूज, शिमला
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र से पहले मंत्रिमंडल की अहम बैठक 24 नवंबर को शिमला स्थित सचिवालय में होगी।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने यह बैठक बुलाई है, जिसमें आगामी विंटर सेशन में पेश किए जाने वाले विधेयकों के ड्राफ्ट पर गहन विचार-विमर्श किया जाएगा।
धर्मशाला के तपोवन में 26 नवंबर से 4 दिसंबर तक चलने वाले इस सत्र के लिए तैयारियां तेज कर दी गई हैं।

सरकार ने सत्र से पहले नगर निगम संशोधन ऑर्डिनेंस जारी किया है। कैबिनेट बैठक में इसे विधेयक के रूप में विधानसभा में पेश करने पर मुहर लगाई जाएगी।
इस संशोधन में नगर निगमों में मेयर और डिप्टी मेयर के आरक्षण रोस्टर को ढाई साल से बढ़ाकर पाँच साल करने का प्रावधान किया गया है।
इसके अतिरिक्त विभिन्न विभागों को बैठक के लिए एजेंडा भेजने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। माना जा रहा है कि कई विभागों में लंबित भर्तियों को भी कैबिनेट से मंजूरी मिल सकती है।

सत्र में उठाए जाने वाले मुद्दों पर भी होगी चर्चा
कैबिनेट बैठक में विपक्ष और विधायकों द्वारा सत्र में उठाए जाने वाले संभावित मुद्दों की रणनीति पर भी चर्चा होगी। बैठक के अगले दिन पूरा मंत्रिमंडल शिमला से धर्मशाला के लिए रवाना होगा, ताकि 26 नवंबर से शुरू हो रहे शीतकालीन सत्र की तैयारियाँ अंतिम रूप ले सकें।
इसी बीच, मुख्यमंत्री सुक्खू 16 नवंबर को दिल्ली जा सकते हैं। 17 नवंबर को गाजियाबाद में होने वाली उत्तरी क्षेत्रीय परिषद की बैठक में भी वे शामिल होंगे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता वाली इस बैठक में हिमाचल से जुड़े अंतर-राज्यीय मुद्दे उठाए जाएंगे।
सत्र के लिए आए 400 सवाल, 14 नोटिस दाखिल
इस बार शीतकालीन सत्र 26 नवंबर से 4 दिसंबर तक चलेगा, जो अब तक का सबसे लंबा शेड्यूल माना जा रहा है। विधायकों ने सत्र के लिए सवाल भेजने शुरू कर दिए हैं।
अब तक विधानसभा सचिवालय को लगभग 400 सवाल प्राप्त हो चुके हैं। इसके अलावा विभिन्न नियमों के तहत 14 नोटिस भी दाखिल किए गए हैं।







