एप्पल न्यूज़, अर्की सोलन
अर्की के निचले मेन बाजार में बीती रात करीब 1 बजे अचानक लगी भीषण आग ने पूरे क्षेत्र को दहला कर रख दिया। चंद ही मिनटों में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और एक के बाद एक कई दुकानें धू-धू कर जलकर राख हो गईं।
आग के दौरान हुए तेज धमाकों और गैस सिलेंडरों के ब्लास्ट ने हालात को और भयावह बना दिया, जिससे मौके पर मौजूद लोग दहशत में आ गए।
आग लगते ही पूरे बाजार में अफरा-तफरी मच गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए घरों और दुकानों से बाहर निकल आए। स्थानीय लोगों ने तुरंत प्रशासन और दमकल विभाग को सूचना दी।

इस दौरान एक 8 साल के बच्चे को आग के बीच से निकाला गया लेकिन अस्पताल जाते समय उसकी मौत हो गई। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का प्रयास शुरू किया गया।
हालांकि, लगातार हो रहे सिलेंडर ब्लास्ट के कारण दमकल कर्मियों को भी काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि पानी डालने के बावजूद लपटें काबू में नहीं आ रही थीं।
आग पर सुबह करीब 6:30 बजे तक भी पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका, जिससे हालात की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
ऊंची-ऊंची लपटों से आसपास के मकानों और अन्य दुकानों में भी आग फैलने का खतरा बना रहा, जिसके चलते स्थानीय निवासियों में भय का माहौल रहा।
प्राथमिक जानकारी के अनुसार इस भीषण अग्निकांड में करोड़ों रुपये की संपत्ति के नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
कई दुकानों में रखा सामान, नकदी और जरूरी दस्तावेज पूरी तरह जलकर नष्ट हो गए हैं। हालांकि, आग पर पूरी तरह नियंत्रण के बाद ही नुकसान का सही आकलन किया जा सकेगा।
फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। प्रशासन और संबंधित विभागों ने मामले की जांच शुरू करने की बात कही है।
प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट या गैस सिलेंडर को आग का कारण माना जा रहा है, लेकिन इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
इस भयावह घटना के बाद अर्की का निचला बाजार सन्नाटे और मलबे में तब्दील हो चुका है। सुबह होते ही जब व्यापारी अपनी जली हुई दुकानों को देखने पहुंचे, तो कई की आंखें नम हो गईं। वर्षों की मेहनत पल भर में राख में बदल जाने से व्यापारी गहरे सदमे में हैं।







