एप्पल न्यूज, शिमला
हिमाचल प्रदेश में भांग की खेती को वैध करने को लेकर कैबिनेट मंत्री जगत नेगी ने एक रिपोर्ट विधानसभा सदन पटल पर रखी।
बजट सत्र में भांग की खेती को लीगल करने का मुद्दा सदन में उठा था जिसके बाद सरकार ने पक्ष और विपक्ष के विधायकों की राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी की अध्यक्षता में सात सदस्य कमेटी बनाने का सदन में एलान किया था। जगत नेगी सुंदर ठाकुर, हंस राज, जनक राज, सुरेंद्र शौरी व पूर्ण चंद कमेटी, केवल पठानिया सदस्य हैं।

कमेटी ने राज्य के सभी जिलों का दौरा कर पंचायत स्तर से जनप्रतिनिधियों के सुझाव लिए और तीन राज्यों मध्य प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू कश्मीर का दौरा कर भांग की खेती को औषधीय और औद्योगिक रुप में अपनाने की बारीकियां की जानकारी ली गई है। अब सदन में रिपोर्ट लाकर हिमाचल सरकार ने भांग की खेती को लीगल करने की पूरी तैयारी कर ली है।
जगत सिंह नेगी ने कहा कि पड़ोसी राज्य उतराखंड सहित अन्य राज्यों में नशा मुक्त भांग की खेती लीगल है। NDPS एक्ट में भी भांग की खेती पर राज्यों को लीगल करने का अधिकार दिया गया है।
भांग की खेती से प्रदेश की आर्थिक स्थिति को सूद सुदृढ़ करने में मदद मिल सकती है। लेकिन इससे नशे को बढ़ावा देने की प्रवृत्ति न हो।
जगत सिंह नेगी ने कहा कि नशा मुक्त भांग की खेती को हिमाचल प्रदेश में लीगल करने से सरकार की आय में भी वृद्धि होगी और कानून में भी इसका प्रावधान है।
सरकार जल्द हिमाचल में भांग की खेती को लीगल कर सकती हैं। भांग की खेती में नशे की मात्रा 0.3 ही होगी। सरकार पुरा चेक रखेगी की भांग की खेती का नशे में प्रयोग न हो।
दूसरी तरफ विपक्ष के नेता जय राम ठाकुर ने हिमाचल में भांग की खेती लीगल करने पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि एक तरफ़ पुलिस भांग की खेती को उखाड़ रही है तो दूसरी तरफ़ भांग की खेती को लीगल कर रही है।
सरकार नशा मुक्त भांग की खेती करने की बात कह रही है। लेकिन ये कैसे हो पायेगा इस पर सवाल है। दूसरे राज्यों में क्या परिणाम रहे हैं। उस पर जानकारी के अलावा जन भावना का भी ध्यान रखना होगा







