एप्पल न्यूज़, शिमला
भाजपा ने शिमला शहर की समस्याओं और प्रदेश सरकार की नीतियों के विरोध में आज शिमला में जोरदार प्रदर्शन किया। भारतीय जनता पार्टी जिला शिमला की ओर से उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन किया गया और हस्ताक्षर अभियान चलाकर उपायुक्त के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा गया।
इस अवसर पर शिमला शहर से भाजपा प्रत्याशी रहे संजय सूद ने प्रदेश सरकार और स्थानीय विधायक पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि शिमला शहर की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है, लेकिन कांग्रेस विधायक शहर की समस्याओं को उठाने में पूरी तरह विफल रहे हैं। उनकी भूमिका नगण्य है और जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर कोई ठोस पहल नहीं की जा रही।

संजय सूद ने कहा कि आईजीएमसी से कार्डियोलॉजी सहित अन्य महत्वपूर्ण विभागों को चमियाना शिफ्ट कर दिया गया है, जिससे पूरे प्रदेश से शिमला आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने इसे जनहित के खिलाफ फैसला बताया।
उन्होंने 24 घंटे पानी की आपूर्ति योजना का मुद्दा उठाते हुए कहा कि इस योजना के लिए वर्ल्ड बैंक से 587 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली थी, लेकिन प्रदेश सरकार ने अब तक केवल 250 करोड़ रुपये ही जारी किए हैं।
शेष राशि न मिलने के कारण योजना अधर में लटकी हुई है। इसके अलावा SJPNL द्वारा 100 करोड़ रुपये का लोन लिया जा रहा है, जिसका सीधा आर्थिक बोझ शिमला की जनता पर पड़ेगा।
संजय सूद ने आरोप लगाया कि शिमला से बड़े-बड़े कार्यालयों को बाहर शिफ्ट किया जा रहा है, जिससे स्थानीय व्यापारियों और आम लोगों को नुकसान हो रहा है। इससे न केवल रोजगार प्रभावित हो रहा है बल्कि शिमला के ऐतिहासिक और प्रशासनिक महत्व को भी खत्म करने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने कहा कि शिमला से चुनाव जीतकर आने वाले प्रतिनिधियों का कर्तव्य है कि वे यहां के मुद्दों को मजबूती से उठाएं, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा।
भाजपा ने स्पष्ट किया कि शिमला के हितों से कोई भी समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जनता की आवाज को सड़क से सदन तक बुलंद किया जाएगा।







