IMG_20260124_200231
previous arrow
next arrow

अनुराग ठाकुर ने खिलाड़ियों के लिए किया नकद पुरस्कार, राष्ट्रीय कल्याण एवं पेंशन की संशोधित योजनाओं का शुभारंभ, योजनाएं की ऑनलाइन

IMG_20251207_105330
previous arrow
next arrow

खिलाड़ियों के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय कल्याण कोष और मेधावी खिलाड़ी पेंशन योजनाएं ऑनलाइन की गईं

एप्पल न्यूज़, दिल्ली
केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने नई दिल्ली में खिलाड़ियों के लिए नकद पुरस्कार, राष्ट्रीय कल्याण और पेंशन की संशोधित योजनाओं, खेल विभाग की योजनाओं के लिए वेब पोर्टल (dbtyas-sports.gov.in) और राष्ट्रीय खेल विकास कोष वेबसाइट (nsdf.yas.gov.in) का भी शुभारंभ किया।

अनुराग ठाकुर ने बताया कि युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय ने खेल विभाग की इन योजनाओं को उपयोगकर्ता के लिए अधिक अनुकूल, उपयोग में आसान और पारदर्शी बनाने की दृष्टि से अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में पदक विजेताओं एवं उनके प्रशिक्षकों के लिए नकद पुरस्कार की योजना, खिलाड़ियों के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय कल्याण कोष (पीडीयूएनडब्ल्यूएफएस) और मेधावी खिलाड़ी पेंशन योजना में कई महत्वपूर्ण संशोधन किए हैं।

केंद्रीय मंत्री ने नागरिकों को सशक्त बनाने तथा सरकार एवं नागरिकों के बीच की खाई को कम करने, प्रणाली और सुविधाओं, समस्याओं व समाधानों का उपाय करने के साथ-साथ न्यूनतम सरकार और अधिकतम शासन के प्रधानमंत्री के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाते हुए डिजिटल इंडिया की दिशा में एक और कदम के रूप में इस विकास की सराहना की। श्री अनुराग ठाकुर ने बताया कि इन संशोधित योजनाओं से रिकॉर्ड समय में खिलाड़ियों को लाभ देने के लिए अधिक पारदर्शिता और जवाबदेही आयेगी।

ठाकुर ने कहा कि अब कोई भी खिलाड़ी अपनी पात्रता के अनुसार तीनों योजनाओं के लिए सीधे आवेदन कर सकता है। उन्होंने कहा, “पहले खेल संघों/भारतीय खेल प्राधिकरण के माध्यम से प्रस्ताव प्राप्त भेजे जाते थे, जो प्रस्तावों को प्रस्तुत करने में काफी समय लेते थे।

कभी-कभी प्रस्ताव को स्वीकृत करने में 1-2 वर्ष से अधिक समय लग जाता था। नकद पुरस्कार की समय पर प्रस्तुति और बाद में अनुमोदन सुनिश्चित करने के लिए, आवेदक को अब विशेष आयोजन के समापन की अंतिम तिथि से छह महीने के भीतर नकद पुरस्कार योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा।”

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस प्रक्रिया में लगने वाले समय को कम करने के लिए तीनों योजनाओं में सत्यापन प्रक्रिया को काफी हद तक आसान कर दिया गया है। यह सुनिश्चित करने के लिए कि प्रशिक्षक को समय पर नकद पुरस्कार प्रदान करने के उद्देश्य से, योजना में आवश्यक बदलाव किए गए हैं। डेफलिम्पिक्स के एथलीटों को भी पेंशन का लाभ दिया गया है। उन्होंने कहा, “खेल विभाग ने इन योजनाओं में उपरोक्त सुविधाओं को लागू करने के लिए, खेल विभाग की उपरोक्त योजनाओं के तहत लाभ लेने के लिए आवेदन करने में खिलाड़ियों की सुविधा के लिए वेब पोर्टल dbtyas-sports.gov.in विकसित किया है।”

ठाकुर ने कहा कि यह ऑनलाइन पोर्टल खिलाड़ियों द्वारा आवेदनों के वास्तविक समय का पता लगाने और उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजे गए वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) के माध्यम से प्रमाणीकरण की सुविधा प्रदान करेगा।

ठाकुर ने कहा कि यह ऑनलाइन पोर्टल खिलाड़ियों द्वारा आवेदनों के वास्तविक समय का पता लगाने और उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजे गए वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) के माध्यम से प्रमाणीकरण की सुविधा प्रदान करेगा।

आवेदकों द्वारा मंत्रालय को व्यक्तिगत रूप से आवेदन जमा करने की अब आवश्यकता नहीं होगी। पोर्टल को डीबीटी-एमआईएस के साथ भी जोड़ दिया गया है, जो भारत सरकार के डीबीटी मिशन के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए खिलाड़ियों को सीधे उनके बैंक खातों में धन के हस्तांतरण को संभव बनाएगा

केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि पोर्टल न केवल समयबद्ध तरीके से सभी आवेदनों के त्वरित निपटान में विभाग की मदद करेगा, बल्कि इसका उपयोग विभिन्न प्रकार की आवश्यक रिपोर्ट और खिलाड़ियों के डेटा प्रबंधन के लिए भी किया जाएगा। खिलाड़ियों की आवश्यकता व प्रचलित परिदृश्यों के अनुरूप समय-समय पर ऑनलाइन पोर्टल को और उन्नत किया जाए

केंद्रीय मंत्री ने इस बात पर प्रकाश डाला कि विभाग ने ‘राष्ट्रीय खेल विकास कोष’ (एनएसडीएफ) के लिए एक समर्पित इंटरैक्टिव वेबसाइट nsdf.yas.gov.in भी विकसित की है। यह कोष देश में खेलों के प्रचार और विकास के लिए केंद्र व राज्य सरकारों, सार्वजनिक उपक्रमों, निजी कंपनियों और व्यक्तियों आदि के कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (सीएसआर) के माध्यम से प्राप्त योगदान पर आधारित है।

केंद्रीय मंत्री ने बताया कि पोर्टल के माध्यम से अब खिलाड़ी, खेल सुविधाओं और खेल आयोजनों के लिए व्यक्तिगत, संस्था और कॉर्पोरेट संगठन सीधे योगदान कर सकते हैं। एनएसडीएफ कोष का उपयोग लक्ष्य ओलंपिक पोडियम (टीओपी) योजना, प्रख्यात खिलाड़ियों और खेल संगठनों द्वारा बुनियादी ढांचे के विकास आदि के लिए किया जाता है।

उन्होंने कहा, “यह समर्पित वेबसाइट न केवल खिलाड़ियों को बल्कि सीएसआर के लिए योगदानकर्ताओं को भी आसान और पारदर्शी पहुंच प्रदान करेगी। यह वेबसाइट देश में खेलों के विकास के लिए एनएसडीएफ को बड़ी सफलता दिलाने में हमारी मदद करेगी।


Share from A4appleNews:

Next Post

प्रकाश बादल चुने गए वन विभाग हिमाचल प्रदेश मिनिस्ट्रियल स्टाफ एसोसिएशन शिमला इकाई के अध्यक्ष

Sun Jul 10 , 2022
एप्पल न्यूज़, शिमला वन विभाग हिमाचल प्रदेश मिनिस्ट्रियल स्टाफ एसोसिएशन (शिमला इकाई ) का चुनाव हाल ही में अरण्य भवन शिमला में सम्पन्न हुआ। इसमें प्रकाश बादल को प्रधान चुना गया। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी नृपजीत ठाकुर से विजय हासिल की। हेम सिंह वरिष्ठ उपाध्यक्ष, प्रदीप सौहटा, प्रेम लाल शर्मा […]

You May Like

Breaking News