एप्पल न्यूज़, शिमला
जिला शिमला पुलिस द्वारा नशा तस्करों के खिलाफ व्यापक अभियान लगातार जारी है। इस अभियान के तहत पुलिस अब केवल छोटे स्तर के पेडलरों तक सीमित न रहकर पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की दिशा में काम कर रही है। गहन जांच, डिजिटल विश्लेषण और बैकवर्ड लिंकिज के माध्यम से पुलिस मुख्य सप्लायरों तक पहुंचने में सफलता हासिल कर रही है।
थाना रोहड़ू में दर्ज अभियोग संख्या 31/2026, अधीन धारा 21, 29 ND&PS Act दिनांक 26 मार्च 2026 में पुलिस ने पिंकू राम निवासी कनेवरा, रोहड़ू तथा सुनील पुहारता निवासी टिक्कर, रोहड़ू से 53 ग्राम चिट्टा बरामद किया था। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस द्वारा बैंक खातों, मोबाइल फोन और डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण किया गया, जिसमें खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी पिंकू राम लंबे समय से उत्तर प्रदेश निवासी सलमान हैदर के माध्यम से चिट्टा मंगवाकर रोहड़ू क्षेत्र में सप्लाई कर रहा था।
इसके बाद रोहड़ू पुलिस टीम ने उत्तर प्रदेश में दबिश देकर 12 अप्रैल 2026 को बिजनौर निवासी सलमान हैदर को गिरफ्तार किया। आगे की जांच में यह तथ्य सामने आया कि सलमान हैदर पंजाब के गुरदासपुर निवासी थोमस मसीह के माध्यम से चिट्टा सप्लाई कर रहा था।

Pपुलिस को आरोपियों के बीच आर्थिक लेन-देन और आपसी संपर्क के महत्वपूर्ण साक्ष्य भी मिले। इसी आधार पर पुलिस ने 9 मई 2026 को पंजाब के गुरदासपुर क्षेत्र से मुख्य सप्लायर थोमस मसीह को गिरफ्तार किया। आरोपी काला अफगाना, तहसील बटाला, जिला गुरदासपुर का निवासी है।
इसी प्रकार थाना कोटखाई में दर्ज अभियोग संख्या 35/2026, अधीन धारा 109, 121(1), 132, 221, 3(5) बीएनएस, 21, 29 ND&PS Act एवं 25 Arms Act दिनांक 29 मार्च 2026 में पुलिस ने रमणजीत सिंह निवासी मोहाली और रुबल चौहान निवासी कोटखाई को गिरफ्तार किया था। उनके कब्जे से एक पिस्टल, दो गैस सिलेंडर पिस्टल, एक छोटा चाकू, लगभग 6 ग्राम Meth Crystal/Ice तथा 2 ग्राम हेरोइन/चिट्टा बरामद किया गया था।
पूछताछ के दौरान आरोपी रमणजीत सिंह ने खुलासा किया कि उसने चिट्टा और Meth Crystal/Ice चंडीगढ़ के गोलू नामक व्यक्ति से खरीदा था। पुलिस ने तकनीकी जांच, कॉल डेटा विश्लेषण और पूछताछ के आधार पर सप्लाई चेन को ट्रेस करते हुए चंडीगढ़ के दड़ूमाजरा क्षेत्र निवासी मुख्य सप्लायर गोलू को 10 मई 2026 को गिरफ्तार कर लिया।
जिला शिमला पुलिस के अनुसार वर्ष 2026 में एनडीपीएस मामलों की जांच की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। इसी का परिणाम है कि इस वर्ष अब तक बैकवर्ड लिंकिज के आधार पर 33 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि वर्ष 2024 में यह संख्या केवल 4 और वर्ष 2025 में 7 थी।
पुलिस ने वर्ष 2026 में अब तक 25 नशा तस्करी नेटवर्कों को ध्वस्त किया है, जो पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश और केरल सहित विभिन्न राज्यों में सक्रिय थे। वर्ष 2024 में केवल 1 तथा वर्ष 2025 में 4 नेटवर्कों के विरुद्ध कार्रवाई हुई थी।
पुलिस का कहना है कि इस प्रकार की कार्रवाई से नशे की सप्लाई चेन कमजोर हो रही है तथा भविष्य में ऐसे अपराधों की पुनरावृत्ति रोकने में भी सहायता मिलेगी। जिला पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशा तस्करी के विरुद्ध यह सख्त और सुनियोजित अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।








